
| सारांश |
|
कश्मीर के किसी भीतरी इलाके में एक साथ तीन मुठभेड़ों में 13 आतंकियों के मारे जाने का यह पहला मामला है
रविवार के दिन एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए भारतीय सुरक्षाबलों ने दक्षिणी कश्मीर में तीन अलग-अलग मुठभेड़ों में 13 आतंकियों को मार गिराया।
ऐसा करके सुरक्षाबलों ने इस इलाके में आतंकियों की रीड की हड्डी तोड़ डाली है !
कश्मीर के किसी भीतरी इलाके में एक साथ तीन मुठभेड़ों में 13 आतंकियों के मारे जाने का यह पहला मामला है। सात आतंकी द्रगड़ में और पांच कचडूरा में मारे गए हैं। एक लम्बे समय से आतंकियों के कुछ विडियो सोशल मीडिया पे वायरल हुए थे और सुरक्षा बल लगातार उसपे नज़र रखे हुए थे !
आतंकियों को भगाने के लिए नागरिकों ने मुठभेड़ स्थल पर सुरक्षा बलों पर जबर्दस्त पथराव किया। विभिन्न हिंसक झड़पों में 100 से अधिक लोग घायल हुए हैं। तनाव को देखते हुए घाटी में रेल सेवा स्थगित कर दी गई।
मारे गए आतंकियों में शहीद लेफ्टिनेंट उमर फैयाज के दो कातिल रईस व इशफाक शामिल हैं।
इस दौरान तीन सैन्यकर्मी शहीद और चार नागरिकों की क्रॉसफायरिंग की चपेट में आकर मौत हो गई।
मुठभेड़ के दौरान कुछ मकान भी क्षतिग्रस्त हुए। वहीं हिंसक भीड़ को काबू करने के लिए पुलिस को फायरिंग भी करनी पड़ी।
यह मुठभेड़ इस साल की अब तक की सबसे बड़ी कामयाबी मानी जा रही है ! पिछले एक दशक में भी ऐसे बड़े कम ऑपरेशन हुए हैं जहाँ एक साथ इतनी बड़ी संख्या में सुरक्षाबलों ने आतंकी मार गिराए हों !
लम्बे समय से इलाके में चल रही छानबीन के चलते सुरक्षाबलों को इलाके में आतंकी छिप्पे होने की सूचना मिली और देर रात को इलाके को घेर कर अभियान चलाया गया !
मारे गए आतंकी लश्कर तथा हिजबुल मुजाहिदीन के माने जाते हैं। एक आतंकी को जिंदा भी दबोचा गया है।
आतंकियों को भगाने के लिए नागरिकों ने मुठभेड़ स्थल पर सुरक्षा बलों पर जबर्दस्त पथराव किया। विभिन्न हिंसक झड़पों में 100 से अधिक लोग घायल हुए हैं। तनाव को देखते हुए घाटी में रेल सेवा स्थगित कर दी गई।
मोबाइल इंटरनेट सेवा ठप कर दी गई है और विभिन्न शिक्षा संस्थान भी बांध रहेंगे । मुठभेड़ के विरोध में अलगाववादियों के दो दिन के बंद के आह्वान को देखते हुए सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए गए हैं।
डीजीपी डा. एसपी वैद ने ट्वीट कर 13 आतंकियों के मारे जाने की पुष्टि की है। साथ ही कहा है कि सुबह दोबारा मुठभेड़ स्थल पर तलाशी अभियान चलाया जाएगा। वही दूसरी और वरिष्ट सेना अधिकारी ने बताया की मारे गए आतंकी में वो दो भी शामिल हैं जिन्होंने पिछले साल एक युवा अधिकारी उमर फैयाज़ को मौत के घाट उतर दिया था !
खुफिया जानकारी हासिल कर चलाया गया विशेष अभियान
आतंकियों की मौजूदगी की सूचना पर दक्षिण कश्मीर में रविवार देर रात शोपियां तथा अनंतनाग जिले में तीन स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया गया। रात को करीब एक बजे शोपियां जिले के द्रागड़ व कचदूरा और अनंतनाग के दियालगम इलाके में घर-घर तलाशी ली जाने लगी।
इसी दौरान शोपियां में भारी संख्या में मौजूद आतंकियों ने खुद को घिरता देख गोलीबारी कर भागने का प्रयास किया। जवानों ने जवाबी कार्रवाई की तो मुठभेड़ शुरू हो गई। शोपियां में 12 आतंकी मार गिराए गए। इसके साथ ही अनंतनाग के दियालगम में मुठभेड़ में रउफ तुर्रे को मार गिराया गया।
सुरक्षा बलों की सरेंडर की अपील ठुकराते हुए उसने फायरिंग शुरू कर दी तो जवाबी कार्रवाई में उसे ढेर कर दिया गया। वह इस साल के शुरुआत में लापता हुआ था और मार्च के आखिरी सप्ताह में उसकी हथियार के साथ तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी।
उसके साथ मौजूद एक अन्य आतंकी इमरान अहमद को गिरफ्तार कर लिया गया।
शोपियां में मारे गए आतंकियों की शिनाख्त जुबैर अहमद तुर्रे (बोंगाम, शोपियां), इशफाक अहमद मलिक (पिंजूरा, शोपियां), नजीम अहमद डार (उरपोरा, नागबल), आदिल अहमद ठोकर (हुमहोना), उबैद अहमद मल्ला (ट्रेंज) व रईस अहमद ठोकर (पड्डरपोरा) के रूप में हुई है।
ओमर अब्दुल्लाह ने सोशल मीडिया में रियासती सर्कार को आड़े हाथों लिया ! उन्होंने लिखा ” रविवार के दिन एक साथ १३ अन्तंकी मारे गए, सेना के ३ जवान शहीद हुए और रियासत के ४ नागरिक प्रदर्शन करते मारे गए !
परिवार वालों की भी नहीं सुनी
मुठभेड़ के दौरान एक आतंकी के परिवार के सदस्यों को बुलाकर कमसे कम ३० मिनट तक बात चीत करवाई गयी और हर संभव कोशिश की गयी की वो अपने हथियार दाल दे लेकिन ऐसा न हो सका !
अनंतनाग में सुरक्षाबलों ने तड़के हुई मुठभेड़ में हिज्ब आतंकी रौऊफ खांडे को मार गिराया। एक अन्य आतंकी ने सुरक्षाबलों के समक्ष सरेंडर किया।
एसएसपी अनंतनाग अल्ताफ खान ने बताया कि शनिवार को आधी रात के बाद पता चला कि दियालगाम ब्रिंटी गांव में आतंकी एक मकान में छिपे हैं। ऑपरेशन शुरू करने से पहले उनके परिजनों को साथ लिया और आतंकी ठिकाने की घेराबंदी करते हुए मस्जिद के लाउड स्पीकर से आतंकियों को सरेंडर के लिए बार बार कहा। आतंकियों के परिजनों ने बार बार अपील की। एक आतंकी इमरान अपने परिजनों की अपील पर हथियार छोड़ बाहर निकल आया। उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
परिजनों से भी उसकी बातचीत कराई गई। दूसरे ने पहले आतंकी के सरेंडर को नाकाम बनाने के लिए उस पर गोली चलाई थी। इस पर सुरक्षाबलों ने जवाबी प्रहार कर आतंकी को मार गिराया। बीते सप्ताह ही उसका सोशल मीडिया पर आतंकी बनने के बाद पहला फोटो वायरल हुआ था। डुरु गांव का रहने वाला रौऊफ बशीर खांडे ग्रेज्युएट था और हाफिज-ए-कुरान था। रियासती पुलिस के मुखिया डीजीपी एस पी वैद ने बताया कि सभी आतंकी स्थानीय थे। इनसे भारी मात्रा में भी हथियार बरामद किए गए हैं। उन्होंने अनंतनाग एसएसपी अल्ताफ खान की तारीफ करते हुए कहा कि उन्होंने आतंकी के परिजनों से सरेंडर करवाने की अपील कराई थी, लेकिन उसने बात नहीं मानी और मारा गया।
इलाके में भड़की हिंसा, 4 की मौत, 100 घायल
मुठभेड़ शुरू होते ही पूरे इलाके में हिंसा भड़क गई। इसी बीच स्थानीय युवा सड़क पर उतर आए और सुरक्षाबलों पर पथराव शुरू कर दिया। युवाओं ने आतंकियों को भगाने के लिए पत्थरबाजी का सहारा लिया और जमकर देशविरोधी नारेबाजी की।
हालांकि सुरक्षाबलों ने हालात पर नियंत्रण करने के लिए आंसू गैस के गोले दागे। इस हिंसा में 4 नागरिकों की मौत हो गई जबकि 100 से अधिक लोग घायल हुए हैं। स्थानीय लोगों के मुताबिक सुरक्षाबलों की ओर से पैलेट गन भी दागे। जिसकी चपेट में आने से करीब 10 से ज्यादा लोग जख्मी हो गए हैं।
हालात तनावपूर्ण होते देख प्रशासन ने शोपियां, पुलवामा, अनंतनाग व कुलगाम के विभिन्न हिस्सों में निषेधाज्ञा लागू करने के साथ दक्षिण कश्मीर में इंटरनेट सेवा ठप कर दी है। बनिहाल-श्रीनगर रेल सेवा को अगले आदेश तक स्थगित करने के साथ दो अप्रैल को कश्मीर में शिक्षण संस्थानों में अवकाश घोषित कर दिया गया है।
वहीँ दूसरी और कचडूरा में सुबह साढ़े तीन बजे से शाम छह बजे तक जारी रही मुठभेड़ में पांच आतंकी मारे गए। तीन मकान भी क्षतिग्रस्त हुए। राज्य पुलिस महानिदेशक डॉ. एसपी वैद ने दोपहर को अवंतीपोर स्थित सेना के विक्टर फोर्स मुख्यालय में चिनार कोर कमांडर और आइजीपी सीआरपीएफ जुल्फिकार हसन की मौजूदगी में बताया कचडूरा में आतंकी ठिकाना बने मकानों और साथ सटे अन्य मकानों में से तीन दर्जन लोगों को सुरक्षाबलों ने आतंकियों की फायरिंग के बीच सुरक्षित निकाला। आठ सुरक्षाकर्मी जख्मी हुए जिनमें से तीन ने बाद में अस्पताल में जख्मों की ताव न सहते हुए दम तोड़ दिया।
खूनी रविवार : ओमर अब्दुल्लाह
जहाँ एक और रियासत की मुख्या मंत्री महबूबा मुफ़्ती ने सिर्फ सेना के शहीद जवानों को श्रधांजलि दी और मारे गए नागरिकों की मौत पे शौक जताया वहीँ दूसरी और विपक्षी नेता ओमर अब्दुल्लाह ने सोशल मीडिया में रियासती सर्कार को आड़े हाथों लिया ! उन्होंने लिखा ” रविवार के दिन एक साथ १३ अन्तंकी मारे गए, सेना के ३ जवान शहीद हुए और रियासत के ४ नागरिक प्रदर्शन करते मारे गए ! ओमर ने आगे फिर लिखा मारे गए आतंकियों में से एक भी विदेशी नहीं था . क्या दिल्ली में केंद्र सरकार में कोई है जो चिंतित है! मैं तो हूँ !
- Jailed for 170 days, Climate activist Sonam Wangchuk set to return home after MHA revokes NSA detention order - March 15, 2026
- 35 years later, CBI finally nails mastermind behind Rubaiya Sayeed kidnapping - December 1, 2025
- Emerging Video reveals radicalized mindset of Delhi Red Fort bomber Dr. Umar un Nabi - November 18, 2025









